सोनपुर(सारण)- डीसीएलआर ने व्यवहार न्यायालय के लिए भूमि चयन हेतु किया निरीक्षण सोनपुर- सोनपुर अनुमंडल में व्यवहार न्यायालय का स्थाई बिल्डिंग बनाने के लिए शनिवार को यहां के उपसमाहर्ता भूमि सुधार शिवरंजन एवं अधिवक्ताओं की टीम द्वारा भूमि का निरीक्षण किया गया । डीसीएलआर शिव रंजन ने वर्तमान में कंबाइंड बिल्डिंग के सटे पूरब दिशा स्थित यूं ही बेकार पड़े सरकारी भूमि को तथा इसके बाद वर्तमान में चल रहे व्यवहार न्यायालय के पास जिला परिषद के परती पड़े भूमि का गंभीरता के साथ निरीक्षण किया और अनुमंडल व्यवहार न्यायालय के स्थाई भवन के लिए इन दोनों भूमि को अत्यधिक उपयुक्त समझा । डीसीएलआर के साथ सरकारी अमीन भी मौजूद थे जो इनके निर्देशानुसार जमीन का नापी एवं नक्शा बनाने का सांचा खींच रहे थे । बताते चलें कि 26 नवंबर 2016 को सोनपुर में व्यवहार न्यायालय का उद्घाटन हुआ तब से यह न्यायालय जिला परिषद के पुरान भवन में चल रहा है । व्यवहार न्यायालय के लिए स्थाई भवन का निर्माण यथाशीघ्र हो इसके लिए सोनपुर अनुमंडल अधिवक्ता संघ के प्रतिनिधियों ने कई बार पटना उच्च न्यायालय के माननीय संबंधित न्यायधीश एवं सारण जिला के सत्र एवं जिला न्यायधीश से भी मिलकर इस समस्या को रखें । कुछ माह पूर्व सारण जिला के जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने इन स्थलों का निरीक्षण करते हुए इसे काफी उपयुक्त बताया है । शुक्रवार को भूमि सुधार उप समाहर्ता द्वारा भवन का निरीक्षण किया गया अगर इस पर व्यवहार न्यायालय का बिल्डिंग बन जाता है तो सोनपुर, दरियापुर एवं दिघवारा प्रखंड के विभिन्न गांव के जरूरतमंदों को जिला मुख्यालय छपरा यहां से 60 किलोमीटर दूरी पर अवस्थित है जाने से राहत मिलेगी ।सोनपुर क्षेत्र के विभिन्न संगठन के लोगों ने प्रशासन से मांग किया है कि भवन बनाने के लिए त्वरित भूमि का चयन करते हुए इस पर निर्माण कार्य प्रारंभ कराने की कृपा की जाए । इस निरीक्षण में अनुमंडल अधिवक्ता संघ के संस्थापक वरिष्ठ अधिवक्ता विश्वनाथ सिंह अध्यक्ष सुनील कुमार श्रीवास्तव महासचिव अभय कुमार सिंह पूर्व अध्यक्ष डॉ नवल कुमार सिंह वरिष्ठ अधिवक्ता रमेश कुमार सिंह ,जितेंद्र प्रसाद आदि उपस्थित थे ।


More Stories
मुख्यमंत्री का अमर्यादित हरकत और शर्मनाक समर्थन
छपरा सदर प्रखंड के महाराजगंज पंचायत भवन में होगा विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन
प्रत्येक गुरुवार को जिलाधिकारी उद्यमियों के साथ करेंगे संवाद, उनकी समस्याओं को दूर करने के लिये एवं उद्यम विकास के लिये किया जायेगा सक्रिय सहयोग