राष्ट्रनायक न्यूज

Rashtranayaknews.com is a Hindi news website. Which publishes news related to different categories of sections of society such as local news, politics, health, sports, crime, national, entertainment, technology. The news published in Rashtranayak News.com is the personal opinion of the content writer. The author has full responsibility for disputes related to the facts given in the published news or material. The editor, publisher, manager, board of directors and editors will not be responsible for this. Settlement of any dispute

बीपीएसएम द्वारा कार्यपालक सहायकों को बेल्ट्रॉन कंपनी के हाथों बेचने के विरोध में हड़ताल, सरकारी कार्यालयों में कामकाज ठप, छपरा में धरना-प्रदर्शन

  • कार्यपालक सहायकों के हड़ताल से जिला मुख्यालय व प्रखंड कार्यालयों में 50 से अधिक कार्य बाधित,
  • संघ के नेताओं ने कहा- बेल्ट्रॉन के हाथों बिक चूका है बीपीएसएम

छपरा(सारण)। जिले के पंचायत राज विभाग, पीएमवाई, लोक शिकायत निवारण विभाग, आपूर्ति विभाग सहित विभिन्न विभागों में कार्यरत कार्यपालक सहायकों को बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन सोसाईटी यानी बीपीएसएम द्वारा आउटसोर्सिंग कंपनी बेल्ट्रॉन को सौपने के निर्णय के खिलाफ एवं स्थायी नौकरी करने को लेकर बिहार कार्यपालक सहायक सेवा संघ के आह्वान पर  जिलाध्यक्ष निलेश कुमार के नेतृत्व में सोमवार को जिला एवं प्रखंड कार्यालयों में कार्यरत सभी कार्यपालक सहायक हड़ताल पर चले गए। हड़ताल से सभी सरकारी कार्यालयों में व्यापक असर दिख रहा है। आरटीपीएस, पंचायत राज कार्यालय सहित अन्य विभागों का कार्य एवं कम्प्यूटीकरण पुरी तरह ठप है।

हड़ताल के दौरान सभी कार्यपालक सहायक जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में शहर के नगरपालिका चौक पर धरना-प्रदर्शन कर रहे है। इस दौरान नीतीश सरकार एवं बीपीएसएम के निदेशक सहित अन्य अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की है। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि  बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कार्यपालक सहायको के साथ बदले की भावना से बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन सोसाईटी के अधिकारियों के द्वारा निजी कंपनियों के हाथों सौपने का कार्य कर रही है। इसको लेकर बीपीएसएम के अधिकारी लगातार कार्यपालक सहायको के खिलाफ शासी परिषद से प्रस्ताव परित कर पत्र जारी कर रही है। और आउटसोर्सिंग कंपनी बेल्ट्रॉन द्वारा आयोजित परीक्षा में उर्तीण होने के लिए जबरन दबाव बनाया जा रहा है। जिससे यह प्रतित होता है के बीपीएसएम के अधिकारी बेल्ट्रॉन कंपनी के हाथों बिक चूकी है। ऐसे में विभिन्न सरकारी कार्यालयों में कार्यरत कार्यपालक सहायकों को भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है।

जिलाध्यक्ष निलेश कुमार ने कहा कि संविदा कर्मियों के स्थायीकरण के लिए गठित उच्च स्तरी समिति के अनुशंसा का संकल्प संख्या 12534 द्वारा जारी निर्देश के विपरीत बीपीएसएम द्वारा पहले समायोजन, पुर्ननियोजन को रद्द किया गया, फिर कार्यपालक सहायकों के नये बहाली पर रोक लगा दिया गया। उन्होंने कहा कि नीतीश सरकार एवं उनके अधिकारियों में कोई सामंजस्य नहीं है। सरकार कुछ कहती है और उनके अधिकारी मनमाने तरीके से कार्य कर रहे है। नीतीश सरकार संविदा कर्मियों के खिलाफ आंतरिक रूप से प्राईवेट कंपनियों के हाथों बेचने का कार्य कर रही है। इस मौके पर पप्पू पासवान, अश्विनी भारती, तिलेश्वर महतो, जगमोहन कुमार, अजय राज, अभिमन्यू कुमार, अजय कुमार, उपेन्द्र कुमार, ऋतूराज कुमार सिंह, दर्जनो कार्यपालक सहायक उपस्थित थे।

 

कार्यपालक सहायकों के हड़ताल से सरकारी कार्यालयों में काम के लिए आने लोग रहे हलकान

कार्यपालक सहायकों को बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन सोसाईटी द्वारा आउटसोर्सिंग कम्पनी बेल्ट्रॉन के हाथों बेचने के निर्णय के खिलाफ हड़ताल का व्यापक असर दिख रहा है। जिले के विभिन्न प्रखंड कार्यालयों में अपने कार्य को लेकर आने वाले लोग बिना काम कराये ही लौट गये। हड़ताल से हो रही परेशानी पर लोग नीतीश सरकार को कोश रहे थे। लोगों का कहना था कि नीतीश सरकार के गलत नीतियों के कारण ही बेरोजगारी बढ़ रही है। अब कार्यालयों में अल्प मानदेय पर कार्य करने वाले कार्यपालक सहायकों को निजी कंपनी को बेचना काफी निंदनीय है। सभी लोग कार्यपालक सहायको की मांगों को पूरा करने की बात कर रहे थे।

नगरा के धुपनगर धोबवल व कोरेयां पंचायत के मुखिया ने कार्यपालक सहायक के हड़ताल का किया समर्थन

जिले के नगरा प्रखंड के धुपनगर धोबवव के मुखिया प्रदीप कुमार सिंह उर्फ गुड्‌डू सिंह और कोरेया पंचायत के मुखिया ललित प्रसाद यादव उर्फ लाली राय ने कार्यपालक सहायकों के हड़ताल का समर्थन किया है। उन्होंने कार्यपालक सहायकों की मांगों को जायज ठहराते हुए नीतीश कुमार से जल्द-जल्द मांगों को पूरा करने की मांग किया है। धुपनगर धोबवव के मुखिया प्रदीप कुमार सिंह उर्फ गुड्‌डू सिंह ने कहा कि नीतीश कुमार के गलत नीति के कारण हीं कार्यपालक सहायक हड़ताल किये है, जो जायज है। एक तरह बहाली नहीं की जा रही है तो दू्सरे तरफ संविदा पर नियोजित कार्यपालक सहायकों को निजी कंपनी के हाथो बेचने का निर्णय लिया गया है। जो नीतीश सरकार का तुगलिकी फरमान है। उन्होंने कहा कि अगर कार्यपालक सहायकों की मांगों को पूरा नहीं किया गया तो आंदोलन में शामिल होकर सरकार का पूरजोर विरोध किया जाएगा। वहीं कोरेया पंचायत के मुखिया ललित प्रसाद यादव उर्फ लाली राय ने कार्यपालक सहायकों के हड़ताल का समर्थन करते हुए कहा कि चुनाव में नीतीश कुमार ने 19 लाख लोगों को रोजगार देने का वादा किया था, लेकिन सरकार में आने के बाद रोजगार छिनने का कार्य कर रही है। नियोजित कार्यपालक सहायकों को आउटसोर्सिंग कम्पनी के हाथों बेचने का निर्णय बेरोजगारी बढ़ाने वाला है। उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव ने कहा था कि बिहार के सभी संविदा पर नियोजित कर्मियों को सरकारीकरण करते हुए स्थायी नौकरी कर दी जाएगी। लेकिन नीतीश की डबल इंजन की सरकार कार्यपालक सहायकों के भविष्य से खिलवाड़ करते हुए नौकरी छिनने का कार्य कर रही है। उन्होंने नीतीश सरकार से कार्यपालक सहायकों की मांगों पर विचार करते हुए पूरा करने की मांग किया है। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार कार्यपालक सहायकों की मांगों को पूरा नहीं करती है तो संघ के आंदोलन में शामिल होकर व्यापक विरोध किया जाएगा। जिसकी पूर्ण जवाबदेही सरकारी व प्रशासन की होगी।