राष्ट्रनायक न्यूज

Rashtranayaknews.com is a Hindi news website. Which publishes news related to different categories of sections of society such as local news, politics, health, sports, crime, national, entertainment, technology. The news published in Rashtranayak News.com is the personal opinion of the content writer. The author has full responsibility for disputes related to the facts given in the published news or material. The editor, publisher, manager, board of directors and editors will not be responsible for this. Settlement of any dispute

एआईएसएफ ने बिहार के मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर निजी अस्पतालों का राष्ट्रीयकरण का किया मांग

एआईएसएफ ने बिहार के मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर निजी अस्पतालों का राष्ट्रीयकरण का किया मांग

  • AISF ने स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार को लेकर सारण सीएस के माध्यम से मुख्यमंत्री बिहार को भेजा मांग-पत्र
  • सदर अस्पतालों में व्याप्त अनियमितता, बदहाली, भ्रष्टाचार को जल्द दूर करे सरकार

छपरा(सारण)। ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (एआईएसएफ) के बिहार राज्य परिषद के राज्यव्यापी आह्वान पर सारण जिला इकाई की ओर से संगठन के राज्य उपाध्यक्ष राहुल कुमार यादव ने सीएस के माध्यम से बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को एक मांग-पत्र भेजा है। पत्र में उन्होंने कहा है कि वैश्विक महामारी में राज्य की आम जनता हर संभव मदद करने को सरकार के साथ खडी़ है। ऐसी घातक महामारी के बीच राज्य की जनता को केंद्र सरकार की गलत नीतियों एवं बिहार सरकार के ढुल-मुल रवैये के कारण काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने अपने पत्र में मुख्यमंत्री से मांग किया है कि घर-घर अभियान चलाकर कोरोना जांच कराया जाए एवं प्रखंड स्तर तक जांच केंद्र खोले जाएं, सभी निजी अस्पतालों का अधिग्रहण किया जाए और उसमें काम करने वाले स्वास्थ्यकर्मियों को योग्यता अनुसार सरकारी नौकरी दी जाए, कोरोना से लड़ाई में केरल से प्रेरित होते हुए केरल की तरह स्वास्थ्य पर खर्च किया जाए एवं बिहार स्वास्थ्य विभाग में केरल मॉडल लागू किया जाए, सभी स्वास्थ्य कर्मियों एवं सफाई कर्मियों को सुरक्षा उपकरण किट उपलब्ध कराया जाए, करुणा के नाम पर भय दहशत का माहौल खत्म कर अन्य बीमारी के मरीजों को भी देखने की गारंटी हो, अन्य गंभीर मरीजों को नहीं देखने वाले चिकित्सकों पर अपराधिक मुकदमा किया जाए, जीडीपी का कम से कम तीन फ़ीसदी स्वास्थ्य पर खर्च करने के लिए केंद्र सरकार को सिफारिश की जाए, इमरजेंसी वार्ड 24 घंटे डॉक्टरों एवं एंबुलेंस की मौजूदगी सुनिश्चित की जाए, सभी सरकारी अस्पतालों में जरूरी दवाईयां, अस्पताल कर्मियों का आई कार्ड पोशाक, की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। सभी सरकारी अस्पतालों की साफ सफाई की व्यवस्था सुदृढ़ किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार जल्द हमारी इन मांगों पर विचार कर कोई ठोस कदम नहीं उठाती है तो आगे आने वाले दिनों में हम सब सरकार के खिलाफ उग्र आंदोलन करेंगे।