बिहार के गोपालगंज में 263 करोड़ की लागत से बना पुल 28 दिनों में हुआ ध्वस्त, भ्रष्टाचार की खुली पोल
बिहार की नीतीश और भाजपा की संयुक्त सरकार के भ्रष्टाचार और लापरवाही का एक बड़ा मामला सामने आया है। बिहार के गोपालगंज जिले से सत्तर घाट पर बना पुल एक महीने से भी कम समय में क्षतिग्रस्त हो गया है। 263 करोड़ रुपये की लागत से यह पुल 8 साल में बना, लेकिन मात्र 29 दिन में पुल ढ़ह गया । बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने इसके खिलाफ बिहार सरकार और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को निशाने पर लिया है। तेजस्वी यादव ने ट्विट कर कहा, “संगठित भ्रष्टाचार के भीष्म पितामह नीतीश जी इस पर एक शब्द भी नहीं बोलेंगे और ना ही साइकिल से रेंज रोवर की सवारी कराने वाले भ्रष्टाचारी सहपाठी पथ निर्माण मंत्री को बर्खास्त करेंगे। बिहार में चारों तरफ लूट ही लूट मची है। ख़बरदार! अगर किसी ने इसे नीतीश जी का भ्रष्टाचार कहा तो ? 263 करोड़ तो सुशासनी मुँह दिखाई है। इतने की तो इनके चूहे शराब पी जाते है।” बताते चलें कि इस पुल का 16 जून को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उद्घाटन किया था। यह 15 जुलाई को भारी बारिश के बाद ध्वस्त हो गया।


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