- जीडीपी का 3% स्वास्थ्य, 6% शिक्षा पर खर्चा हो और शिक्षा, स्वास्थ्य का बाजारीकरण बंद करे सरकार: राहुल कुमार यादव
पो. संजय पाण्डेय। राष्ट्रनायक न्यूज।
छपरा (सारण)। ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (एआईएसएफ) सारण जिला इकाई ने राष्ट्रीय प्रतिरोध मार्च के छठे दिन शिक्षा, स्वास्थ्य व्यवस्था के बाजारीकरण किए जाने के खिलाफ जिले में अलग-अलग स्थानों पर हाथों में तख्ती लिए सांकेतिक प्रदर्शन किया। संगठन के राज्य सह सचिव राहुल कुमार यादव ने कहा कि केन्द्र सरकार ने चंद अपने कुछ खास पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाने के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा व्यवस्था की बाजारीकरण कर रही है। शिक्षा, स्वास्थ्य को बाजार के हवाले किए जाने के कारण शिक्षा और स्वास्थ्य बहुत महंगी हो गई है. उन्होंने सरकार से मांग किया कि जीडीपी का 3% स्वास्थ्य, 6% शिक्षा पर खर्चा हो और शिक्षा, स्वास्थ्य का बाजारीकरण बंद हो, ताकि सबको सस्ती व सुलभ शिक्षा, स्वास्थ व्यवस्थाएं मिल सके। जिला सचिव अमित नयन ने कहा कि सरकार तत्काल आपदा के समय सभी निजी अस्पतालों का अधिग्रहण कर कार्यरत कर्मियों को योग्यता के अनुसार सरकारी नौकरी दे। जिला उपाध्यक्ष अभय चौबे ने कहा की केंद्र सरकार द्वारा पीएम केयर्स फंड में जबरदस्त हेरफेर की गई है। केंद्र सरकार अगर हमारी मांगों को पूरी नहीं कर सकती तो ऐसी निकम्मी सरकार को सत्ता में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है. ऐसे निकम्मे प्रधानमंत्री को इस्तीफा दे देना चाहिए। प्रदर्शन में मुख्य रूप से जिला अध्यक्ष रूपेश कुमार यादव, गुड्डू कुमार, रोहन कुमार, विकास कुमार, रौनक कुमार, अन्य ने हिस्सा लिया।


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