राष्ट्रनायक न्यूज।
पटना(बिहार)। बिहार के एक स्कूल से शराब मिलने का मामला सामने आने के बाद से विपक्ष लगातार नीतीश कुमार को घेर रहा है। विपक्ष का कहना है कि जिस स्कूल से शराब मिली है वो जमीन भू राजस्व मंत्री रामसूरत राय के भाई की है। विपक्ष के आरोप को मंत्री लगातार खारिज कर रहे हैं। उनका कहना है कि वे अपने भाई से 2012 में ही अलग हो चुके हैं। उनका भाई से कोई संबंध नहीं है। वहीं अब मंत्री जीवेश कुमार मिश्र रामसूरत के पक्ष में उतर आए हैं और उन्होंने विपक्ष को नसीहत दी है।
राज्य के श्रम संसाधन मंत्री जीवेश कुमार मिश्र शनिवार को लंगट सिंह कॉलेज पहुंचे। यहां उन्होंने दो दिवसीय औद्योगिक अभिप्रेरणा अभियान का उद्घाटन किया। उन्होंने रामसूरत राय को लेकर जारी विपक्ष की सियासत को ओछी करार दिया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास इस मामले में ज्ञान की कमी है।
जीवेश मिश्रा ने कहा कि विपक्ष के नेता को पता होना चाहिए कि रामसूरत राय का अपने भाई से 2012 में ही रजिस्टर्ड बंटवारा हो चुका है। उनके अपने भाई से कोई लेना-देना नहीं है। यह सवाल कहीं से भी उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि इस मामले को बेवजह तूल देकर विपक्ष सरकार को बदनाम करने की कोशिश कर रहा है। मंत्री ने कहा कि विपक्ष के पास ज्ञान की कमी है।
इस मामले पर शनिवार को सफाई देते हुए मंत्री रामसूरत राय का कहना है कि मेरा अपने भाई से कोई संबंध नहीं है। 2012 में हमारा रजिस्टर्ड बंटवारा हो चुका है। अगर वह इस घटना में दोषी है तो सरकार उनके खिलाफ कार्रवाई करें। इसकी जांच किसी भी एजेंसी से कराएं, हमें कोई आपत्ति नहीं है। एनडीए सरकार दोषियों पर कार्रवाई करने के लिए जानी जाती है न कि उसे बचाने के लिए।
रामसूरत राय के स्कूल में शराब की खेप मिलने के बाद नेता प्रतिपक्ष सह राजद नेता नीतीश सरकार और मंत्री पर लगातार हमलावर बने हुए हैं। तेजस्वी ने एक बार फिर इस मामले में मंत्री रामसूरत राय की बर्खास्तगी की मांग की। शनिवार सुबह राबड़ी आवास पर मीडिया से बात करते हुए तेजस्वी ने कहा कि मंत्री ही उस स्कूल के संचालक हैं जहां शराब पकड़ी गई थी। नेता प्रतिपक्ष ने सवाल उठाते हुए कहा कि अगर किसी को लीज पर दिया था तो उसका एग्रीमेंट प्रस्तुत करें।


More Stories
सारण में विधान सभा चुनाव के लिए नाम निर्देशन पत्र की संवीक्षा संपन्न, 24 नामांकन पत्र रद्द
कार्यपालक सहायकों को जुमला दिखाकर ठग रही बीपीएसएम, कार्यपालक सहायकों ने कहा- मांगें पुरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन
कार्यपालक सहायकों ने राज्य कर्मी का दर्जा देने की मांग को ले शहर में निकला कैंडल मार्च, नीतीश सरकर के खिलाफ की नारेबाजी