राष्ट्रनायक न्यूज।
पटना(बिहार)। बिहार में इलेक्ट्रिसिटी कंज्यूमर्स की जेब पर इस बार अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ने की संभावना है। इस बात के संकेत राज्य विद्युत विनियामक आयोग ने शुक्रवार को बिहार ग्रिड कंपनी द्वारा दायर प्रस्ताव पर फैसला सुनाते हुए दिए। आयोग ने ग्रिड कंपनी की मांग से कम राशि स्वीकृत की है। अगले वित्तीय वर्ष के लिए राज्य में ग्रिड कंपनी को खर्च के लिए हर महीने 37.72 करोड़ रुपए मिलेंगे।
आयोग के अध्यक्ष शिशिर सिन्हा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए कहा कि बिहार ग्रिड कंपनी द्वारा वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए 533.51 करोड़ रुपए के सकल वार्षिक राजस्व की आवश्यकता का प्रस्ताव आयोग के समक्ष प्रस्तुत किया गया था। इसके विरुद्ध आयोग ने 2019-20 के कैरिंग कॉस्ट के साथ 89 करोड़ की रेवेन्यू सरप्लस राशि को समायोजित करते हुए 452.62 करोड़ स्वीकृत किए हैं। आयोग ने अनुमोदित 452.62 करोड़ सकल वार्षिक राजस्व की राशि को समान मासिक किस्तों में बांट दिया है। इसके हिसाब से 37.72 करोड़ प्रतिमाह की दर से बिहार स्टेट पावर होल्डिंग कंपनी से वसूली अनुमोदित किया गया है। नया टैरिफ आदेश इस साल एक अप्रैल से 31 मार्च 2022 तक या आयोग द्वारा अगला टैरिफ आदेश स्वीकृत करने तक प्रभावी रहेगा।
उन्होंने ग्रिड कंपनी की मांग में की गई कटौती को विस्तार से समझाते हुए कहा कि कंपनी द्वारा वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए 275.45 करोड़ वास्तविक खर्च का दावा किया गया था। उसकी जांच के बाद आयोग ने 257.47 करोड़ का दावा स्वीकृत करते हुए 75.74 करोड़ का रेवेन्यू सरप्लस निर्धारित किया गया। इसे कैरिंग कास्ट के साथ वित्तीय वर्ष 2021-22 की सकल राजस्व की आवश्यकता में शामिल किया जा रहा है। आयोग के अध्यक्ष सिन्हा ने कहा कि विद्युत वितरण की दरों पर फैसला इसी माह 31 मार्च तक हर हाल में आ जाएगा। कहा कि कोरोना काल में दो माह तक आयोग का कोरम पूरा ना होने के बावजूद नए टैरिफ का ऐलान तय समयसीमा में किया जाएगा। सूत्रों की मानें तो इस बार विद्युत दरों में वृद्धि की संभावना नहीं है।


More Stories
कार्यपालक सहायकों को जुमला दिखाकर ठग रही बीपीएसएम, कार्यपालक सहायकों ने कहा- मांगें पुरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन
कार्यपालक सहायकों ने राज्य कर्मी का दर्जा देने की मांग को ले शहर में निकला कैंडल मार्च, नीतीश सरकर के खिलाफ की नारेबाजी
कार्यपालक सहायकों ने दूसरे दिन भी कार्यपालक सहायकों ने काला पट्टी बांधकर किया कार्य, आंदेलन को सामाजिक व राजनैतिक दलों का मिल रहा समर्थन, कहा- कार्यपालक सहायकों की मांगें जायज, सरकार जल्द पूरी करें मांग